Breaking News
Home / Events / रंग उत्सव में मची धूम, कुरुक्षेत्रवासियों ने लिया नाटक का आनंद

रंग उत्सव में मची धूम, कुरुक्षेत्रवासियों ने लिया नाटक का आनंद

शहर के एकमात्र सक्रिय नाट्य दल न्यू उत्थान थियेटर ग्रुप द्वारा उत्तर क्षेत्र सांस्कृतिक केंद्र पटियाला तथा मल्टी आर्ट कल्चरल सेंटर के संयुक्त सहयोग से आयोजित रंग उत्सव में दूसरे दिन नाटक पंचलाईट का मंचन हुआ। रंगआधार संस्था जींद के कलाकारों द्वारा अभिनीत तथा गौरव दीपक जांगड़ा के निर्देशन में तैयार नाटक पंचलाईट के दौरान डीएसपी तान्या सिंह बतौर मुख्यअतिथि पहुंची, वहीं विशिष्ट अतिथि के रुप में जिला परिषद अध्यक्ष गुरदयाल सुन्हेड़ी, हिपा अध्यक्ष विश्व दीपक त्रिखा तथा समाजसेवी पुनीत मल पहुंचे। कार्यक्रम का शुभारम्भ अतिथियों द्वारा दीप प्रज्जवलित कर किया गया। वहीं न्यू उत्थान थियेटर ग्रुप के पदाधिकारियों द्वारा पुष्पगुच्छ देकर अतिथियों का स्वागत किया गया। मंच संचालन डा. मोहित गुप्ता ने किया। फणीश्वर नाथ रेणू की कहानी पर आधारित नाटक पंचलाईट में दिखाया कि महतो टोली के दण्ड और जुर्माने के पैसे इकट्ठे करके पंचलाईट खरीद लेती है। जब शहर से पंचलाईट गांव आती है तो खूब खुशियां मनाई जाती हैं। लेकिन बाद में पता चलता है कि गांव के किसी भी व्यक्ति को पंचलाईट जलानी नहीं आती। गांव का एक लड़का गोधन गांव की ही लड़की मुनरी से प्यार करता है। लेकिन मुनरी से प्यार करने वाले कल्लू को ये अच्छा नहीं लगता और वह मुनरी की काकी को सब बता देता है। मुनरी की मां पंचायत बुला लेती है, जिसमें फैंसला होता है कि गोधन का हुक्का पानी बंद कर दिया जाए। इस प्रकार गोधन और मुनरी का मिलना-जुलना बंद हो जाता है। लेकिन पंचलाईट आने पर मुनरी सबको बताती है कि गोधन को पंचलाईट जलानी आती है। सरपंच गोधन को बुलवाकर पंचलाईट जलाने के लिए कहता है, लेकिन गोधन शर्त रखता है कि यदि मुनरी से उसका ब्याह करवाया जाए, तभी वह पंचलाईट जलाएगा। पंचायत उसकी बात मान लेती है और गोधन का मुनरी से ब्याह करवाने का वादा करती है। तब गोधन पंचलाईट जला देता है और पूरे गांव में खुशी की लहर दौड़ पड़ती है। नाटक में जहां एक ओर सभी कलाकारों का अभिनय दमदार था, वहीं दूसरी ओर नाटक के संगीत तथा विषय वस्तु ने भी सभी को अपनी ओर आकर्षित करने में अपनी अहम भूमिका निभाई। नाटक में गोधन का किरदार राजीव, मुनरी महक माल्यान, गुलरी पारुल, सूत्रधार साजन कालड़ा, सरपंच शिवकुमार तथा अन्य भूमिकाओं में सौरभ, दीपक जांगड़ा, कुलदीप शर्मा, यश, आकाश, शायना जग्गा, नितिन गुप्ता, अनूप कुमार, चंचल शर्मा रुबी सैनी, निकेता शमा आदि शामिल रहे। प्रकाश व्यवस्था मनीष डोगरा ने सम्भाली। नाटक में रुपसज्जा के साथ-साथ सह निर्देशन विकास शर्मा का रहा। संगीत में चमन कुमार तथा गोविंदा ने सहयोग दिया। नाटक के अंत में सभी कलाकारों को अतिथियों द्वारा सम्मानित किया गया। इस मौके पर बृज शर्मा, अमित कुमार, अन्नपूर्णा शर्मा, अनु माल्यान, ज्योति वैद, एम आर धिमान आदि भारी संख्या में दर्शक उपस्थित रहे।

About postnow

Check Also

श्रीमद्भागवत कथा में सुनाया भक्त धु्रव प्रसंग 

कुरुक्षेत्र, 28 जनवरी। सैक्टर-3 शिव मंदिर में भागवत प्रेमियों द्वारा संगीतमयी श्रीमद्भागवत महापुराण सप्ताह ज्ञान यज्ञ …

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *